आचार्य चाणक्य की सम्पूर्ण कहानी

Complete Chanakya Story Biography

भारत के इतिहास में आचार्य चाणक्य (Chanakya) का महत्वपूर्ण स्थान है। एक समय जब भारत छोटे-छोटे राज्यों में विभाजित था और विदेशी शासक सिकंदर भारत पर आक्रमण करने के लिए भारतीय सीमा तक आ पहुंचा था, तब चाणक्य ने अपनी नीतियों से भारत की रक्षा की थी। चाणक्य ने अपने प्रयासों और अपनी नीतियों के बल पर एक सामान्य बालक चंद्रगुप्त (Chandragupta) को भारत का सम्राट बनाया जो आगे चलकर चंद्रगुप्त मौर्य (Chandragupta Maurya) के नाम से प्रसिद्ध हुए और अखंड भारत का निर्माण किया।

 

चाणक्य के काल में पाटलीपुत्र (वर्तमान में पटना) बहुत शक्तिशाली राज्य मगध की राजधानी था। उस समय नंदवंश का साम्राज्य था और राजा था धनानंद। कुछ लोग इस राजा का नाम महानंद भी बताते हैं। एक बार महानंद ने भरी सभा में चाणक्य का अपमान किया था और इसी अपमान का प्रतिशोध लेने के लिए आचार्य ने चंद्रगुप्त को युद्धकला में पारंपत किया। चंद्रगुप्त की मदद से चाणक्य ने मगध पर आक्रमण किया और महानंद को पराजित किया।

 

आचार्य चाणक्य की नीतियां (Chanakya Neeti) आज भी हमारे लिए बहुत उपयोगी हैं। जो भी व्यक्ति नीतियों का पालन करता है, उसे जीवन में सभी सुख-सुविधाएं और कार्यों में सफलता प्राप्त होती है। हम अब तक अपने इस ब्लॉग पर सम्पूर्ण चाणक्य नीति और आचार्य चाणक्य के 600 महत्त्वपूर्ण कथन प्रकाशित कर चुके है। आज हम आप सभी के लिए आचार्य चाणक्य की सम्पूर्ण जीवन गाथा (Chanakya Biography) प्रकाशित कर रहे है।

 

चुकी आचार्य चाणक्य की जीवन गाथा (Chanakya Biography) बहुत बड़ी है इसलिए इसे एक पोस्ट में प्रकाशित करना असंभव था। इसलिए हमनें इसे 10 पार्ट में प्रकशित करी है। आप नीचे दिए गए लिंक्स से सभी 10 भाग पढ़ सकते है। आशा है हमारा यह प्रयास आप सभी को पसंद आएगा।

 

चाणक्य – सम्पूर्ण कहानी भाग – 1

 

चाणक्य – सम्पूर्ण कहानी भाग – 2

 

चाणक्य – सम्पूर्ण कहानी भाग – 3

 

चाणक्य – सम्पूर्ण कहानी भाग – 4

 

चाणक्य – सम्पूर्ण कहानी भाग – 5

 

चाणक्य – सम्पूर्ण कहानी भाग – 6

 

चाणक्य – सम्पूर्ण कहानी भाग – 7

 

चाणक्य – सम्पूर्ण कहानी भाग – 8

 

चाणक्य – सम्पूर्ण कहानी भाग – 9

 

चाणक्य – सम्पूर्ण कहानी भाग – 10

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